
पटना। नगर परिषद सम्पतचक के सभाकक्ष में सोमवार को सशक्त स्थायी समिति की अहम बैठक मुख्य पार्षद अमित कुमार की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक में शहर के विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण योजनाओं पर मुहर लगी, वहीं कार्य में लापरवाही बरतने वाले संवेदकों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का निर्णय लिया गया।
बैठक में उप मुख्य पार्षद निशा कुमारी, समिति सदस्य सह वार्ड पार्षद डोमन पासवान, वार्ड पार्षद दिलीप कुमार, कार्यपालक पदाधिकारी सुनील कुमार समेत अन्य अधिकारी व कर्मी मौजूद रहे। शुरुआत में विभिन्न वार्डों से प्राप्त योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
समिति ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि बरसात से पहले जलजमाव की समस्या का समाधान सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। इसके तहत चिन्हित इलाकों में नाला निर्माण, मरम्मत और सफाई कार्य के लिए जल्द ही निविदा प्रक्रिया शुरू की जाएगी। साथ ही सभी नालों और पईन की उड़ाही कर जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए।
शहर के सौंदर्यीकरण को लेकर भी कई फैसले लिए गए। प्रमुख स्थलों पर वृक्षारोपण, वेलकम गेट स्थापना और सभी वार्डों में साइनबोर्ड लगाने का निर्णय हुआ। सोहगी मोड़ पर आकर्षक क्लॉक टॉवर बनाए जाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी गई।
बैठक में आवारा कुत्तों की समस्या पर भी चर्चा हुई। सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के आलोक में इस पर नियंत्रण के लिए आवश्यक कार्रवाई करने और खर्च नगर परिषद के आंतरिक संसाधनों से वहन करने का निर्णय लिया गया।
लंबित कार्यों की समीक्षा के दौरान कई संवेदकों की लापरवाही सामने आई। ऐसे संवेदक जिन्होंने कार्य आवंटन के बावजूद न तो एकरारनामा किया और न ही काम शुरू किया, उन्हें नोटिस देने के बाद भी संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इस पर समिति ने कड़ा रुख अपनाते हुए उनकी सुरक्षा राशि जब्त करने और उन्हें काली सूची में डालने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया। साथ ही भविष्य में ऐसे संवेदकों को किसी भी कार्य में भाग लेने से वंचित रखा जाएगा और संबंधित विभाग को भी इसकी सूचना दी जाएगी।
बैठक के अंत में मुख्य पार्षद अमित कुमार ने सभी योजनाओं को समयबद्ध तरीके से लागू करने का निर्देश देते हुए स्पष्ट कहा कि विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों और कर्मियों को जनता की समस्याओं के समाधान के प्रति गंभीर रहने की हिदायत दी।
अजीत कुमार की रिपोर्ट
