पटना के शाहपुर में दो सगे भाइयों की हत्या के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। पूर्णिया के सांसद पप्पू यादव ने पीड़ित परिवार से मुलाकात के बाद राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में अपराधियों को संरक्षण मिल रहा है और कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है।
पीड़ित परिजनों से मुलाकात के बाद सांसद ने कहा कि होली जैसे पर्व के समय इस परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। दो जवान बेटों की हत्या कर दी गई और अब तीसरे बेटे को भी इंस्टाग्राम के माध्यम से जान से मारने की धमकी दी जा रही है। उन्होंने इसे केवल एक परिवार पर हमला नहीं, बल्कि पूरे समाज को भयभीत करने की साजिश बताया।
पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि ड्रग्स और शराब के कारोबारियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है, बल्कि उन्हें संरक्षण दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस दोहरे हत्याकांड के आरोपी अब भी खुलेआम घूम रहे हैं और पीड़ित परिवार को लगातार धमकियां मिल रही हैं। न्यायालय से जमीन विवाद मामले में डिग्री मिलने के बाद भी परिवार ने सुरक्षा की मांग की थी, लेकिन प्रशासन ने सुरक्षा उपलब्ध नहीं कराई। यदि समय रहते सुरक्षा दी जाती तो दो जवान बेटों की जान बचाई जा सकती थी।

सांसद ने कहा कि सदन चल रहा है, लेकिन इतने जघन्य अपराध पर चर्चा तक नहीं हो रही है। उन्होंने विपक्ष को भी आड़े हाथों लेते हुए कहा कि विपक्ष निष्क्रिय और भयभीत नजर आ रहा है। समाज की चुप्पी पर भी सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि अगर लोग आवाज नहीं उठाएंगे तो अपराधियों का मनोबल और बढ़ेगा।
पटना के मुसल्लहपुर इलाके में हुई इस घटना को चिंताजनक बताते हुए पप्पू यादव ने मामले की निष्पक्ष और व्यापक जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि किसी भी एंगल को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए। साथ ही, सरकार से स्पीडी ट्रायल चलाकर दोषियों को शीघ्र सजा दिलाने और पीड़ित परिवार को तत्काल सुरक्षा मुहैया कराने की मांग की।
उपमुख्यमंत्री एवं गृह विभाग संभाल रहे सम्राट चौधरी पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि यदि अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं तो इसकी जिम्मेदारी गृह विभाग की है। केवल बयानबाजी से काम नहीं चलेगा, ठोस कार्रवाई जरूरी है। उन्होंने कहा कि बिहार को सुरक्षित और रहने योग्य बनाना सरकार की जिम्मेदारी है। यदि अपराध पर लगाम नहीं लगी तो जनता का भरोसा पूरी तरह खत्म हो जाएगा।
इधर, पुलिस प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच जारी है और सभी पहलुओं पर छानबीन की जा रही है। पीड़ित परिवार न्याय और सुरक्षा की मांग पर अड़ा हुआ है।

अजीत कुमार की रिपोर्ट