पटना: राजधानी पटना के गौरीचक थाना क्षेत्र के बेलदारीचक में अवैध हथियार निर्माण और तस्करी के बड़े नेटवर्क का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। एसटीएफ बिहार, गौरीचक थाना पुलिस और नालंदा पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में देशी कट्टा, 10 तैयार बैरल, एक मोटरसाइकिल और 12,750 रुपये नकद के साथ दो हथियार तस्करों को मौके से गिरफ्तार किया गया। इसके बाद मिली जानकारी के आधार पर नालंदा में संचालित एक मिनी गन फैक्ट्री का भी खुलासा कर तीसरे आरोपी को दबोच लिया गया।
पुलिस को 1 मई 2026 को सूचना मिली थी कि रोहिलापर निवासी महेश यादव अपने सहयोगी सदन प्रसाद के साथ बेलदारीचक स्थित चुहरमल बाबा मंदिर के पास हथियारों की खरीद-बिक्री करने वाला है। सूचना मिलते ही गौरीचक थानाध्यक्ष सुषमा सागर के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित कर इलाके में घेराबंदी की गई।
कुछ ही देर में एक व्यक्ति मोटरसाइकिल से धनरुआ की ओर से और दूसरा बेलदारीचक की ओर से पहुंचा। जैसे ही दोनों के बीच झोले में रखे सामान का लेन-देन शुरू हुआ, पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए दोनों को मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से एक देशी कट्टा और 10 बैरल बरामद किए गए।
पूछताछ में सदन प्रसाद ने खुलासा किया कि वह नालंदा जिले के चिकसौरा थाना क्षेत्र के संतोष विश्वकर्मा से कट्टे के बैरल खरीदता था। इसके बाद वह बैरल नगरनौसा थाना क्षेत्र के बाजितपुर गांव में किराये के कमरे में रह रहे कारीगर कृष्णा विश्वकर्मा को देता था, जो इन बैरल से देशी कट्टा तैयार करता था। तैयार हथियार महेश यादव को सौंपे जाते थे, जो उन्हें आगे सप्लाई करता था।
इस जानकारी के आधार पर नालंदा पुलिस को अलर्ट किया गया। चिकसौरा थाना पुलिस ने बाजितपुर गांव में छापेमारी कर मिनी गन फैक्ट्री का भंडाफोड़ करते हुए हथियार बनाने वाले कारीगर कृष्णा विश्वकर्मा को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों में महेश यादव (रोहिलापर, थाना भगवानगंज, पटना), सदन प्रसाद (हुराड़ी, थाना चिकसौरा, नालंदा) और कृष्णा विश्वकर्मा (चिकसौरा, नालंदा) शामिल हैं।
एसपी पूर्वी परिचय कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच में यह नेटवर्क पटना और आसपास के क्षेत्रों में अवैध हथियारों की सप्लाई करता था। पुलिस अब इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।
इस कार्रवाई में एएसपी सह थानाध्यक्ष सुषमा सागर, पुलिस अवर निरीक्षक रवि कुमार, धर्मेंद्र कुमार गिरि, विमलेश कुमार, सहायक अवर निरीक्षक अकलू प्रसाद समेत गौरीचक थाना के सशस्त्र बल की अहम भूमिका रही।

ब्यूरो रिपोर्ट