
धमदाहा/पूर्णिया। अनुमंडलीय अस्पताल, धमदाहा में मंगलवार को अंतर्राष्ट्रीय नर्स दिवस उत्साह और गरिमामय माहौल में मनाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रभारी उपाधीक्षक डॉ. नेहा भारती ने की। इस अवसर पर अस्पताल परिसर में केक काटकर नर्सों के समर्पण, सेवा भावना और स्वास्थ्य क्षेत्र में उनके योगदान को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि अनुमंडल पदाधिकारी अनुपम कुमार, विशिष्ट अतिथि कार्यपालक दंडाधिकारी आशुतोष मिश्रा एवं बाल विकास परियोजना पदाधिकारी रूपम कुमारी ने संयुक्त रूप से केक काटकर नर्सों को शुभकामनाएं दीं। एसडीओ अनुपम कुमार ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय नर्स दिवस आधुनिक नर्सिंग की संस्थापक फ्लोरेंस नाइटिंगेल की जयंती के अवसर पर मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि नर्सें मरीजों की निस्वार्थ भाव से सेवा कर स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूती प्रदान करती हैं। उनका समर्पण समाज के लिए प्रेरणादायक है।

बाल विकास परियोजना पदाधिकारी रूपम कुमारी एवं प्रभारी उपाधीक्षक डॉ. नेहा भारती ने नर्सों की कर्तव्यनिष्ठा, सेवा भाव और मरीजों के प्रति संवेदनशीलता की सराहना करते हुए कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ नर्सें ही हैं। उन्होंने कहा कि मरीजों की देखभाल में नर्सों की भूमिका सबसे अहम होती है।
इस मौके पर डॉ. बीके सहनी, डॉ. कपिल अहमद, डॉ. मनोज कुमार, डॉ. ऋषभ कुमार और डॉ. गोपीनाथ ने भी नर्सों के योगदान की प्रशंसा की। वक्ताओं ने कहा कि नर्सिंग स्वास्थ्य सेवा से जुड़ा सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण पेशा है, जो लोगों को शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से स्वस्थ बनाने में अहम भूमिका निभाता है।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय फ्लोरेंस नाइटिंगेल पुरस्कार की भी चर्चा हुई। बताया गया कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा वर्ष 1973 से यह पुरस्कार उत्कृष्ट सेवा देने वाली नर्सों को प्रदान किया जाता है। इस पुरस्कार में 50 हजार रुपये नकद, प्रशस्ति पत्र एवं मेडल दिया जाता है।
कार्यक्रम में अस्पताल प्रबंधक सलीमा खातून, एलएस प्रीति प्रिया, जीएनएम अनीता कुमारी, राज कुमार, बेला पीवी, गुंजन कुमारी, पूजा कुमारी, एएनएम श्वेता कुमारी, सुमन कुमारी, पलक राज, शांति मुर्मू समेत बड़ी संख्या में स्वास्थ्य कर्मी मौजूद थे।
ब्यूरो रिपोर्ट संतोष कुमार
