पटना। वकील समाज के कल्याण और उनकी सुरक्षा से जुड़ी विभिन्न मांगों को लेकर शनिवार को अधिवक्ताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने पटना साहिब के सांसद एवं भारत सरकार के पूर्व केंद्रीय मंत्री Ravi Shankar Prasad से उनके आवास पर मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने उन्हें ज्ञापन सौंपकर संसद के चल रहे सत्र में वकील समाज से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को उठाने का आग्रह किया।
प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि देशभर में वकीलों के खिलाफ हिंसा, धमकी और हमले की घटनाएं लगातार सामने आती रहती हैं। ऐसे मामलों में अधिवक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कानूनी व्यवस्था की जरूरत है। इस संदर्भ में सांसद से विशेष रूप से एडवोकेट प्रोटेक्शन बिल 2021 को संसद में उठाकर लागू कराने की मांग की गई।
ज्ञापन में कहा गया कि Bar Council of India द्वारा 2 जुलाई 2021 को सात सदस्यीय समिति के माध्यम से एडवोकेट प्रोटेक्शन बिल का मसौदा तैयार किया गया था, जिसका उद्देश्य वकीलों को हिंसा, धमकी, हमले और अन्य प्रकार के उत्पीड़न से सुरक्षा प्रदान करना है। हालांकि यह बिल अब तक लंबित है और इसे कानून का रूप नहीं मिल पाया है।

प्रतिनिधिमंडल ने वकीलों के पेशेगत कार्यों में आने वाली व्यावहारिक कठिनाइयों का भी उल्लेख किया। बताया गया कि अपने मुवक्किलों के मामलों में सुनवाई के लिए अधिवक्ताओं को कई बार राज्य के अंदर और बाहर दूर-दराज के जिलों में यात्रा करनी पड़ती है, लेकिन अक्सर ट्रेन में आरक्षण नहीं मिल पाता और टिकट किराया भी काफी अधिक होता है। इसलिए दिव्यांग, महिला, वरिष्ठ नागरिक और पत्रकारों की तरह वकीलों को भी रेलवे में विशेष कोटा और किराये में रियायत देने की मांग की गई।
इसके अलावा अधिवक्ताओं के लिए कोर्ट समय में आवागमन के दौरान टोल प्लाजा पर टोल टैक्स में छूट देने की भी मांग रखी गई, ताकि न्यायालयीन कार्यों में आने-जाने में अनावश्यक आर्थिक बोझ कम हो सके।
ज्ञापन में यह भी कहा गया कि कई बार सुप्रीम कोर्ट और विभिन्न उच्च न्यायालयों में मामलों की अचानक सुनवाई तय हो जाती है। ऐसे में अधिवक्ताओं को तत्काल फ्लाइट से यात्रा करनी पड़ती है, जबकि हवाई किराया काफी अधिक होता है। इसलिए बार काउंसिल में पंजीकृत अधिवक्ताओं को फ्लाइट किराये में भी रियायत देने की मांग की गई।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि न्याय प्रणाली को मजबूत बनाने, संविधान की रक्षा करने और लोकतंत्र को जीवंत रखने में वकीलों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। बावजूद इसके सुविधाओं के नाम पर अधिवक्ताओं को अब तक पर्याप्त लाभ नहीं मिल पाया है। ऐसे में वकील समाज के कल्याण और न्याय व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए इन मांगों पर सरकार को गंभीरता से विचार करना चाहिए।
इस अवसर पर अधिवक्ता एवं भाजपा युवा मोर्चा बिहार के प्रदेश सह संयोजक (लीगल सेल) Rajneesh Tiwari ने कहा कि वकील समाज की ये मांगें न्याय व्यवस्था को मजबूत करने और अधिवक्ताओं को सुरक्षित एवं सुविधाजनक वातावरण प्रदान करने के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि सांसद इन मुद्दों को संसद में उठाकर वकीलों के हित में सकारात्मक पहल करेंगे।

ब्यूरो रिपोर्ट