जानीपुर (पटना): मुरादपुर गांव के पास नहर पर पुल नहीं होने की कीमत एक परिवार को अपनी सबसे बड़ी पूंजी खोकर चुकानी पड़ी। वर्षों से ग्रामीण जिस पेड़ के तने के सहारे जान जोखिम में डालकर नहर पार करते रहे, उसी रास्ते पर रविवार देर रात ज्वेलरी कारोबारी रवि गुप्ता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना ने इलाके में बुनियादी सुविधाओं की बदहाली और ग्रामीणों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

रोहतास जिले के मूल निवासी रवि गुप्ता मुरादपुर में रहकर बभनपुरा में ज्वेलरी की दुकान चलाते थे। रविवार रात दुकान बंद कर घर लौटते समय उन्हें मुरादपुर के पास नहर किनारे बने संकरे रास्ते और पेड़ के तने के सहारे नहर पार करनी थी। देर रात तक घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने खोजबीन शुरू की। सोमवार सुबह ग्रामीणों और पुलिस की मदद से एसडीआरएफ ने नहर में खोज अभियान चलाया, जिसके बाद उनका शव बरामद हुआ।

ग्रामीणों का कहना है कि नहर पर पुल नहीं होने के कारण हर दिन बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों समेत सैकड़ों लोग इसी खतरनाक रास्ते से गुजरते हैं। बरसात में नहर का जलस्तर बढ़ने पर यह रास्ता और अधिक जानलेवा हो जाता है। स्थानीय लोगों का दावा है कि पहले भी यहां कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन अब तक पुल निर्माण की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हुई।

हालांकि प्रथम दृष्टया मामला नहर में गिरने का प्रतीत हो रहा है, लेकिन परिजनों ने घटना में अनहोनी की आशंका जताई है। जानीपुर थानाध्यक्ष सागर कुमार ने बताया कि पुलिस दुर्घटना सहित सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट हो सकेंगे।

रवि गुप्ता की मौत ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर ग्रामीणों को कब तक अपनी जान जोखिम में डालकर पेड़ के तने के सहारे नहर पार करनी पड़ेगी।

ब्यूरो रिपोर्ट अजीत कुमार